Assam Flood: असम में फिर बढ़ा बाढ़ का खतरा! आखिर किन जिलों में नदियां फिर हुईं बेकाबू?

राज्य सरकार ने बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए अभी भी कुल 44 राहत शिविर एवं 17 राहत वितरण केंद्र समेत कुल 61 शिविर क्रियान्वित रखे हैं। राहत शिविरों में 11489 लोग आश्रय लिए हुए हैं।

42
Flooded landscape in Assam with affected villagers
The devastating floods in Assam have left many in distress.

Assam Flood: असम में बाढ़ का पानी तेजी से जहां उतर रहा है, वहीं, धेमाजी और शिवसागर जिले में नदियों का जलस्तर एक बार फिर से खतरे के निशान से ऊपर दर्ज किया गया है। शिवसागर जिले में विनाशलीला चारों ओर दिखाई दे रही है। बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित ऊपरी असम के चार जिलों शिवसागर, चराईदेव, जोरहाट और गोलाघाट में जिंदगी अभी भी पटरी पर लौटती दिखाई नहीं दे रही है। सबसे बुरा हाल शिवसागर जिले का है। प्रभावितों को राहत पहुंचाने के लिए सरकारी एवं निजी स्तर पर कार्य चल रहा है। बावजूद लोग अपने घरों में जा नहीं पा रहे हैं। बाढ़ ने सब कुछ उनका तबाह कर दिया है। (Assam Flood)

राज्य सरकार के सभी विभाग अपने-अपने स्तर पर प्रभावितों की मदद के लिए आगे आ रहे हैं। कृषि विभाग किसानों को वैकल्पिक खेती के लिए आवश्यक संसाधन मुहैया कराने की योजना बना रहा है। कारण वर्तमान समय में अब धान की खेती करना संभव नहीं है। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के पहली अगस्त को जारी आंकड़ों के अनुसार दिखौ नदी (शिवसागर) एवं धनसिरि नदी (नुमलीगढ़) इलाके में खतरे के निशान से अभी भी ऊपर बह रही है। हालांकि, शनिवार को कहीं से भी किसी के मृत होने की कोई सूचना नहीं मिली। राज्य में मृतकों की कुल संख्या 82 है। (Assam Flood)

इसे भी पढ़ें: Iran Israel Conflict: ईरान पर बड़े हमले की आहट! अमेरिका-इजराइल की रणनीति से बढ़ा युद्ध का खतरा

बाढ़ से वर्तमान समय में अभी भी कुलसात जिले बुरी तरह से प्रभावित हैं, जबकि, शुक्रवार को प्रभावित जिलों की संख्या पांच थी। बाढ़ प्रभावित जिलों में गोलाघाट, शिवसागर, चराईदेव, बजाली, धेमाजी, शोणितपुर और जोरहाट हैं। बाढ़ से सात जिलों के 20 राजस्व मंडलों के कुल 349 गांव प्रभावित हैं। राज्य की कुल 178837 आबादी अभी भी प्रभावित हैं एवं 15060 हेक्टेयर कृषि भूमि पानी में डूबी हुई है।

इसे भी पढ़ें: Commonwealth Games 2026: कॉमनवेल्थ में भारत का पंच! दो गोल्ड ने बदली पदक तालिका, चौथे नंबर पर पहुंचा देश

राज्य सरकार ने बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए अभी भी कुल 44 राहत शिविर एवं 17 राहत वितरण केंद्र समेत कुल 61 शिविर क्रियान्वित रखे हैं। राहत शिविरों में 11489 लोग आश्रय लिए हुए हैं। जबकि राहत वितरण केंद्रों पर 5569 गैर-शिविर निवासी राहत प्राप्त कर रहे हैं। राहत एवं बचाय अभियान में एसडीआरएफ, सेना/अर्धसैनिक बल, एनडीआरएफ, डीडीआरएफ, एयर फोर्स, पुलिस, अग्निशमन और आपातकालीन सेवाएं (एफ एंड ईएस), सर्कल कार्यालय/स्थानीय प्रशासन, नागरिक सुरक्षा/प्रशिक्षित स्वयंसेवक और अग्निशमन विभाग जुटा हुआ है। प्रभावित इलाकों में शनिवार को राज्य सरकार ने कुल 79 मेडिकल टीमों को तैनात किया। इस दौरान तीन नावें भी राहत कार्य में जुटी रहीं। बाढ़ से बड़े पैमाने पर सड़क, पुल एवं अन्य आधारभूत ढांचे को नुकसान पहुंचा है।

Join Our WhatsApp Community
Get The Latest News!
Don’t miss our top stories and need-to-know news everyday in your inbox.