चीन को चुनौतीः ताइवानी सेना ने पहली बार किया ऐसा

यूएस हाउस की स्पीकर नैंसी पेलोसी की यात्रा के बाद चीन और ताइवान के बीच बढ़ते तनाव बढ़ गया है।

 ताइवान सीमा में लगातार चीनी ड्रोन की घुसपैठ पर चेतावनी देने के एक दिन बाद ताइवानी सेना ने चीन के ड्रोन पर पहली बार फायरिंग कर दोनों देशों के बीच तनाव को और बढ़ा दिया है।

ताइवान के रक्षा मंत्रालय ने जारी एक बयान में कहा कि 30 अगस्त को लगभग 5:59 बजे एक ड्रोन एक बार फिर एर्दन द्वीप पर प्रतिबंधित हवाई क्षेत्र में प्रवेश करने पर रक्षा बलों ने प्रोटोकॉल के अनुसार चेतावनी जारी की लेकिन इसके बाद भी ड्रोन क्षेत्र पर मंडराता रहा, ताइवान के रक्षा बलों ने गोलियां चलाईं और उसे वापस जाने के लिए मजबूर कर दिया। ड्रोन ने शाम लगभग 6 बजे ज़ियामेन की ओर उड़ान भरी।

बढ़ रहा तनाव
ताजा घटना विशेष रूप से यूएस हाउस की स्पीकर नैंसी पेलोसी की यात्रा के बाद चीन और ताइवान के बीच बढ़ते तनाव के माहौल की पृष्ठभूमि में आई है। इसमें कहा गया है कि किनमेन रक्षा बल हाई अलर्ट पर रहेंगे और अपनी निगरानी बढ़ाएंगे। एर्डन द्वीप किनमेन द्वीपसमूह का हिस्सा है। जियामेन शहर फुजियान के तटीय चीनी प्रांत में स्थित है।

पहले ही दी थी चेतावनी
ताइपे में रक्षा मंत्रालय ने पहले घोषणा की थी कि ताइवान की सेना अपने बाहरी द्वीपों के हवाई क्षेत्र में घुसपैठ करने वाले चीनी ड्रोन पर गोलीबारी शुरू कर देगी, जबकि रेडियो फ्री एशिया (आरएफए) की सूचना दी कि व्हाइट हाउस राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के प्रवक्ता ने कहा कि अमेरिका ताइवान स्ट्रेट में चीन द्वारा लगाए गए किसी भी ‘नए प्रतिबंध’ को स्वीकार नहीं करेगा।

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