गिरिराज पर्वत पर बने लुक लुक दाऊजी मंदिर में मूर्तियां-शिलाएं की खंडित, हिन्दू संगठन में आक्रोश

गोवर्धन में गिरिराज पर्वत पर प्राचीन लुक-लुक दाऊजी, हनुमान, महादेव की मूर्तियां और गिरिराज शिलाएं किसी ने खंडित कर दीं।

गोवर्धन में गिरिराज पर्वत पर प्राचीन लुक-लुक दाऊजी, हनुमान, महादेव की मूर्तियां और गिरिराज शिलाएं किसी ने खंडित कर दीं। इससे आन्यौर-जतीपुरा के ग्रामीण और हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं में आक्रोश व्याप्त है। सूचना पर एसपी (ग्रामीण) और प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे। एसपी ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया। इधर, अखिल भारत हिंदू महासभा के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष दिनेश शर्मा ने आठ दिन में दोषियों की गिरफ्तारी न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।

23 दिसंबर को आन्यौर परिक्रमा मार्ग पर गिरिराज पर्वत स्थित प्राचीन लुक-लुक दाऊजी मंदिर में दर्शन के लिए श्रद्धालु पहुंचे। यहां दाऊजी की मूर्ति खंडित देख आक्रोशित हो गए। मंदिर के समीप गिरिराज पर्वत पर महादेव और हनुमानजी की मूर्तियां, कई गिरिराज शिलाएं भी खंडित मिलीं। इसकी जानकारी होने पर ग्रामीण एकत्रित हो गए। जानकारी मिलते ही हिंदू जागरण मंच के जिला उपाध्यक्ष शेर सिंह, ब्लॉक सह संयोजक महेश शर्मा, भाजपा मंडल अध्यक्ष श्याम सुंदर उपाध्याय, हिंदू महासभा के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष दिनेश शर्मा पहुंच गए। उन्होंने विरोध व्यक्त किया। बाद में एसपी ग्रामीण त्रिगुण विशेन, सीओ राम मोहन शर्मा, एसडीएम कमलेश गोयल, इंस्पेक्टर नितिन कसाना मौके पर पहुंचे। घटना स्थल का निरीक्षण कर एसपी देहात त्रिणुन विसेन ने आरोपियों को जल्द चिह्नित कर कार्रवाई का आश्वासन लोगों को दिया। गोवर्धन थानाध्यक्ष नितिन कसाना ने बताया कि ठेका बोली को लेकर सेवायतों में आपसी विवाद है, माहौल बिगाड़ने के उद्देश्य से ऐसा किया गया है। जल्द आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वहीं हिंदू जागरण मंच के जिला उपाध्यक्ष शेर सिंह निवासी जतीपुरा ने अज्ञात आरोपितों के खिलाफ सीओ राम मोहन शर्मा को तहरीर दी है। शुक्रवार शाम एसपी देहात ने बताया कि गिरिराज पर्वत पर अराजक तत्वों ने कुछ शिलाएं व मूर्तियां खंडित की हैं। तहरीर मिली है, इसकी जांच कराई जा रही है। उचित कार्रवाई की जाएगी।

आठ दिन के अंदर हो दोषियों की गिरफ्तारी नहीं तो होगा आंदोलन : दिनेश शर्मा
अखिल भारत हिंदू महासभा के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष दिनेश शर्मा भी मंदिर पहुंच गए। उन्होंने कहा कि गोवर्धन में मंदिरों का जो ठेका होता है सरकार उसमें लगभग एक करोड़ से ऊपर की रकम सरकारी रिसीवर को देती है। उसमें करोड़ों के बिल लगाकर एक साल का खर्चा दिखाया जाता है। क्या सरकार सीसीटीवी कैमरे नहीं लगा सकती। यदि मंदिर में सीसीटीवी कैमरे लगे होते और चौकीदार होता तो इस तरह का कृत्य न होता। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मंदिर रिसीवर द्वारा मंदिर के ऊपर खर्च किए जाने वाली धनराशि की जांच की मांग की है। साथ ही आठ दिन के अंदर दोषियों की गिरफ्तारी न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here