नेपाल में चुनाव, सीमा पर बैठक? जानिये, इस खबर में

एपीएफ इंस्पेक्टर संजय कुमार गैट ने कहा कि नेपाली सेना,सशस्त्र प्रहरी,नेपाल प्रहरी व म्यादी प्रहरी की पेट्रोलिंग तेज कर दी गयी है।

बिहार में भारतीय सीमा से सटे नेपाल में 20 नवम्बर को सांसद व विधायक के चुनाव को शांति पूर्वक संपन्न कराने को लेकर स्थानीय पुलिस प्रशासन-एसएसबी और नेपाल की एपीएफ कृत संकल्पित है।

इसको लेकर इनरवा थाना में 15 नवंबर को पुलिस-एसएसबी और एपीएफ के अधिकारियों की एक अहम बैठक आयोजित की गयी। बैठक में इनरवा थानाध्यक्ष प्रकाश कुमार, एपीएफ इंस्पेक्टर संजय कुमार गैट और इनरवा एसएसबी इंस्पेक्टर साहिल के साथ अन्य अधिकारी भी शामिल हुए।

17 नवम्बर से भारत-नेपाल सीमा सील
बैठक में निर्णय लिया गया कि नेपाल में 20 नवम्बर के चुनाव लेकर अधिकारिक तौर पर 72 घंटे पहले यानि 17 नवम्बर से भारत-नेपाल सीमा सील कर दी जायेगी। किसी को भी आने जाने पर सख्त मनाही रहेगी। विशेष परिस्थिति में कड़े जांच के उपरांत जाने पर विचार होगा।

विशेष निगरानी करने पर खास रणनीति
अधिकारियों ने बताया कि भारत-नेपाल सीमा के क्षेत्रों में विशेष निगरानी करने पर खास रणनीति बनायी गयी है ।सीमा की सुरक्षा में तैनात एसएसबी के ओर से भी एपीएफ के अधिकारियों को आश्वस्त किया गया कि एसएसबी नेपाल में शांति पूर्वक चुनाव संपन्न कराने को लेकर अपनी ओर से पूरी सतर्कता बरतेगा। सीमावर्ती क्षेत्रों में पेट्रोलिंग बढ़ा दी गयी है। खासकर रात में नाईट विजन से गश्त की जा रही है।

20 नवम्बर को चुनाव
इनरवा थानाध्यक्ष प्रकाश कुमार ने कहा कि पुलिस के ओर से जो भी सहयोग होगा वो एपीएफ और नेपाल पुलिस को मिलेगा। एक ही उद्देश्य रहेगा कि नेपाल में 20 नवम्बर का चुनाव शांतिपूर्ण हो। असामाजिक तत्वों पर पूरी नकेल कसी जायेगी।।एसएसबी के इंस्पेक्टर साहिल ने कहा कि नेपाल के चुनाव को लेकर खुली सीमा के बावजूद चौकसी बढ़ा दी गयी है।सीमा सील करने के संबंध में वरीय अधिकारियों के निर्देश का सख़्ती से पालन किया जायेगा।

एपीएफ इंस्पेक्टर संजय कुमार गैट ने कहा कि नेपाली सेना,सशस्त्र प्रहरी,नेपाल प्रहरी व म्यादी प्रहरी की पेट्रोलिंग तेज कर दी गयी है। उन्होंने बताया कि चुनाव को लेकर चुनाव से 72 घंटे पहले सीमा सील कर दिया जायेगा।शान्तिपूर्ण चुनाव कराने के लिए जानकी टोला,देशावता, जगरनाथपुर ,आसवारी,भलुवहिया आदि नेपाल के गांवों में एपीएफ पूरी से तरह से अलर्ट है।कहीं से भी चुनाव में शांति भंग करने की सूचना मिलेगी।उस पर कड़ी कार्रवाई होगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here