बिहारः आरजेडी-जेडीयू की ये नजदीकियां भाजपा की बढ़ा रही है टेंशन!

बिहार में जातिगत जनगणना के मुद्दे पर जेडीयू-आरजेडी के बीच शुरू हुई जुगलबंदी अब आगे बढ़ गई है।

पिछले कुछ दिनों से बिहार में जनता दल यूनाइटेड और राष्ट्रीय जनता दल के बीच नजदीकियां बढ़ रही हैं। इस कारण भारतीय जनता दल की टेंशन बढ़ सकती है। जातिगत जनगणना के मुद्दे पर दोनों के बीच शुरू हुई जुगलबंदी अब ज्यादा बढ़ गई है। इस मुद्दे पर आरजेडी ने जेडीयू को साथ आने के निमंत्रण दिया है, जिसके बाद जेडीयू की ओर से भी सकारात्मक प्रतिक्रिया आई है।

समझा जा रहा है कि भारतीय जनता पार्टी से जेडीयू की बढ़ती दूरी का फायदा उठाने के लिए आरजेडी ने नीतीश कुमार पर चारा डालना शुरू कर दिया है।

जातिगत जनगणना पर साथ-साथ
आरजेडी ने तो यहां तक कह दिया है कि वह सबकुछ भूलकर जेडीयू के साथ सरकार बनाने के लिए तैयार है। पार्टी ने नीतीश कुमार को जातिगत जनगणना पर समर्थन देते हुए आगे बढ़ने को कहा है। पार्टी प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में पार्टी के रुख को स्पष्ट किया। उन्होंने इसे नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव का संदेश बताते हु कहा कि नीतीश कुमार को भाजपा के उन मंत्रियो को बाहर निकाल देना चाहिए, जो बात पर उन्हें समर्थन नहीं देते हैं।

आरजेडी कां दांव
जगदानंद सिंह ने कहा कि यदि इससे उनकी सरकार संकट में आती है तो तेजस्वी के नेतृत्व में आरजेडी और महागठबंधन उनका साथ देने के लिए तैयार है। बात यही खत्म नहीं हुई, बल्कि पार्टी प्रवक्ता मृत्युंजय तिवारी ने पार्टी के संदेश को और स्पष्ट करते हुए कहा कि घरमास के बाद बिहार में बड़ा राजनैतिक भूचाल आएगा। यह पूछने पर कि क्या एक बार फिर आरजेडी और जेडीयू साथ आएगी, उन्होंने कहा कि इस तरह की राजनैतिक समीकरण बनने में कोई संदेह नहीं है।

जेडीयू ने जताया आभार
जेडीयू ने आरजेडी के इस संदेश पर सकारात्मक प्रतिक्रिया व्यक्त की है। पार्टी ने इसके लिए आरजेडी का आभार व्यक्त करते हुए कहा है कि जेडीयू जातिगत जनगणना को लेकर अपनी नीति पर कायम है। जो लोग इस पर साथ नहीं देंगे, उन्हे जनता सबक सिखाएगी। जेडीयू इस मुद्दे पर कभी भी समझौता नहीं करेगी।

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जेडीयू का दबाव तंत्र
बताया यह भी जा रहा है कि जेडीयू का यह रुख जातिगत जनगणना और बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने का दबाव बनाने के लिए है। आरजेडी और जेडीयू के बीच बढ़ती नजदीकियों को देखते हुए केंद्र की भाजपा सरकार दबाव में आ सकती है। हालांकि इस बारे में भाजपा के किसी नेता या मंत्री की कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।

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